Friday, December 24, 2021

समय

1⃣ 💐 हम समय को अपना गुलाम बना कर रखना चाहते हैं ; जो सोचें वही हो , लेकिन ऐसा होता नहीं और ऐसा न होना ही हमें सबकुछ होते हुए भी तनहा बना रखा है । 💐 सबकी गणित , समयाधीन है लेकिन समय की गणित किसी के अधीन नहीं । 💐 वह समय ही है जो आपके जीवन को रंगीन बनाता है , जीवन में खुशबूं भरता है और वह भी समय ही है जो आपके जीवन को तनहा बनाता है । 💐 वह समय ही है जो उनसे मिलाता है और वह भी समय ही है जो उनसे ज़ुदा कर देता है और भनक तक नहीं पड़ने देता । 💐 ईश्वर की आस्था पर विश्वास न करने वाले को भी ईश्वर प्रेमी और परम भक्त कौन बना देता है ; क्या वह समय नहीं ? 🌷अपनो को पराया और परायों को अपना कौन बनाता है , क्या वह समय नहीं ? 🌷 समय की गणित है लेकिन उस गणित की कोई किताब नहीं । समय खुद अपनीं गणित के हर सफे को दिखाती और समझती है लेकिन उसे देखने - समझनेवाला तो स्वयं को बनना ही पड़ता है । ~~●● ॐ ●●~~

Thursday, December 23, 2021

सोच की सोच

5⃣ सोच की सोच ⤵️ # मर्द की दुनियां औरत के इशारे पर चलती है लेकिन मर्द यह दिखाने में लगा रहता है कि यह दुनिया उसके इशारे पर चल रही है । # जिंदगी से दो कदम आगे रहना .. मौत से दो कदम पीछे रहना .. और संसार को मुट्ठी में बंद कर लेना .. सब की चाह है , लेकिन क्या ऐसा है भी ? 🕉️

Wednesday, December 22, 2021

यही तो एक राज है , प्यारे !

मर्द की दुनियां औरत के इशारे पर चलती है और जब उसकी नज़र बदल जाती है तब किस्मत बदल जाती है ऐसा लगने लगता हूँ । # जिंदगी से दो कदम आगे रहना और मौत के दो कदम पीछे रहना संसार को मुट्ठी में बंद कर लेना सब की चाह होती है लेकिन क्या जहते भी हो ! जिसने जो पाया , उसे खाक बना दिया और जो न पा सका , वह स्वयं को खाक बना दिता

Thursday, December 2, 2021

प्रभु श्री कृष्ण और संख्या - 18

 


प्रभु श्री कृष्ण और संख्या - 18

महाभारत में  18 पर्व  हैं 

★ श्रीमद्भागवत पुराण में 18,000 श्लोक हैं

◆ जरासंध मथुरा पर 18 बार आक्रमण किया 

● गीतामें   18 अध्याय हैं 

◆ महाभारत युद्ध  18 दिन चला 

● युद्ध में 18 अक्षौहिणी सेनाएं भाग ली  

और अब आगे ⬇️

एक अक्षौहिणी में 21870 रथ और इतने ही हाँथी थे ।

● ऊपर की संख्या 21870 के अंकों के जोड़ को देखिये ( 2 + 1 + 8 +7  + 0 = 18 ) ; है , न मजेदार गणित !

● घुड़सवारों की संख्या  65,610 थी अब इस सांख्य के अंकों के योग को देखें ( 6 + 5 + 6 + 1 + 0 = 18 ) , यह गणित भी कैसी लगी , आपको !

 ● पैदल योद्धाओं की संख्यस 1, 09, 350 थी , अब इस संख्या के अंकों के जोड़ को देखिये  ( 1 + 0 + 9 + 5 + 0 = 18 ) ;  है , न मजेदार गणित ! 

🌷रथ , हांथी , घुड़सवार और पैदल सैनिकों की संख्यायों में 1:1:3:5 का अनुपात था । 

अब इसे भी देखें ⤵️

🌷  महाभारत युद्ध में 18 अंक के गहरे राज में 1 + 8 = 9 अर्थात 9 ग्रह की छाया को भी समझ लें 🌷

Wednesday, December 1, 2021

ज्ञान क्या है

 🌷 परम् सत्य की खोज के मार्ग अनेक हैं लेकिन सभीं मार्ग जहाँ पहुँच कर एक हो जाते हैं , उस अद्वैत्य संगम का नाम है ज्ञान । 

🌷देह - देही का बोध , प्रकृति - पुरुष का बोध और क्षेत्र - क्षेत्रज्ञ का बोध , ज्ञान है

🌷 वेद , उपनिषद् , गीता , पुराण , सांख्य , पतंजलि योग दर्शन तथा अन्य दर्शनों से सम्बंधित श्रुति - स्मृति शास्त्रों से जो ज्ञान मिलता है , वह परोक्ष ( उधार ) ज्ञान होता है । यह ज्ञान प्रत्यक्ष ज्ञान प्राप्ति का केवल साधन मात्र हैं ।

🌷 परोक्ष ( उधार ) ज्ञान की सीमा जहाँ समाप्त होती सी भाषने लगती है वहां से आगे प्रत्यक्ष

 (सत्य ) ज्ञान का अपरिमेय आयाम प्रारम्भ होता है।

🌷 परोक्ष ज्ञान मन - बुद्धि  - अहँकार की सीमा में सिमित ज्ञान है और इस सिमित ज्ञान के माध्यम से जब चित्त निर्विकार , निरहंकार और पारिजात मणि जैसा पारदर्शी पूर्ण रिक्त हो जाता है तब इसमें प्रत्यक्ष परम् सत्य ज्ञान की लहर उठने लगती है और वह योगी ब्रह्मवित् विदेह हो गया होता है ।

~~ॐ ~~