उत्तराखंड की चार धाम तीर्थ यात्रा
(हरिद्वार से यमुनोत्री , गंगोत्री , गौमुख , तपोवन , केदारताल , केदारनाथ , बद्रीनाथ और बद्रीनाथबसे हरिद्वार तीर्थ यात्रा का स्वरूप)
अब ऊपर वर्णित चार धाम की यात्रा में आने वाले स्थानों की समुद्रतल से ऊंचाइयां मीटर में तथा यात्राओं का संक्षिप्त विवरण ⤵️
1️⃣ 🚗हरिद्वार → उत्तरकाशी
हरिद्वार → ऋषिकेश > 25 km
ऊँचाई: हरिद्वार (314 m) → ऋषिकेश (372 m)
यात्रा गंगा नदी के किनारे-किनारे चलती है।
2. ऋषिकेश → नरेंद्र नगर → चंबा > 65
ऊँचाई :(372) →(1326 m) → चंबा (1700)
3.चंबा → नई टिहरी (झील के पास) 20 km
ऊंचाई: (1700) →(≈850–900 m)
4.टिहरी → धरासू बेंड > 65 km
(यहाँ से एक मार्ग यमुनोत्री की ओर और दूसरा गंगोत्री/उत्तरकाशी की ओर जाता है)
5.धरासू बेंड → उत्तरकाशी > 30 km
ऊँचाई: उत्तरकाशी (1158 m)
कुल दूरी > हरिद्वार → उत्तरकाशी👇
लगभग 170–180 km , समय: 6–7 घंटे✓✓
2️⃣🚗 उत्तरकाशी से हनुमान चट्टी 🚶यमुनोत्री
1.उत्तरकाशी → बड़कोट , 80 km
ऊँचाई: उत्तरकाशी (1158 m) → बड़कोट (1220 m)
मार्ग: डबरानी – डामटा – नौगाँव होकर
2.बड़कोट → हनुमान चट्टी , 36 km
ऊँचाई: हनुमान चट्टी (2400 m) । यह जगह टौंस नदी और यमुना नदी संगम के पास है।
3.हनुमान चट्टी → जानकी चट्टी , 5 - 6 km
ऊँचाई: जानकी चट्टी (2650 m) ।यहाँ तक वाहनों से जाया जा सकता है।
🚶ट्रेक मार्ग 5 - 6 km
जानकी चट्टी → यमुनोत्री मंदिर , 5–6 km पैदल/खच्चर/पालकी मार्ग
ऊँचाई: यमुनोत्री (3293 m)
प्रमुख पड़ाव: जानकी चट्टी (2650 m) , फूलचट्टी , जानकी चट्टी से 3–4 km पर सूर्यकुंड (गरम जल) , फिर यमुनोत्री धाम व यमुना जी का उद्गम ।
उत्तरकाशी से यमुनोत्री दूरी 🚗122 km 🚶6 km
3️⃣ उत्तरकाशी से गंगोत्री
🚗सड़क मार्ग
1.उत्तरकाशी → सुक्की टॉप 15 km , उत्तरकाशी (1158 m) → सुक्की टॉप (≈1900 m) । यहाँ से भागीरथी घाटी के सुंदर दृश्य दिखाई देते हैं।
2.सुक्की टॉप → भटवारी , 10 km
ऊँचाई: भटवारी (≈2000 m) ,भटवारी एक छोटा कस्बा है।
3.भटवारी → हर्षिल घाटी , 28 km
ऊँचाई: हर्षिल (2620 m) ,यह जगह सेब बागानों और भागीरथी नदी के लिए प्रसिद्ध है।
4.हर्षिल → धराली → मुखबा गाँव , 12 km
ऊँचाई: धराली (≈2680 m), मुखबा (≈2620 ,m)।
मुखबा गाँव शीतकाल में गंगोत्री मंदिर की पूजा का स्थान होता है।
5.मुखबा → गंगोत्री धाम , 25 km
ऊँचाई: गंगोत्री (3048 m) ।
यहाँ भागीरथी नदी के उद्गम "गोमुख" की ओर ट्रेक शुरू होता है।
👉 इस प्रकार उत्तरकाशी से गंगोत्री लगभग 100 km की दूरी पर है और पूरी यात्रा भागीरथी नदी के किनारे-किनारे होती है।
3️⃣.1️⃣गंगोत्री से गौमुख , तपोवन और केदारताल की तीर्थ यात्रा भी करनी चाहिए ⤵️
ऊपर स्लाइड में गंगोत्री से 14km भोजवासा , भोजवासा से 10 - 12 km गौमुख - तपोवन यात्रा करके वापिस भोजवासा लौटना तथा अगले दिन भोजवासा से 11 km एक तरफ केदारताल की यात्रा की जाती है जो अति कठिन यात्रा है। अगले दिन केदारताल से वापिस भोजवासा लौटना होता है।भोजवासा से गंगोत्री लौट कर विश्राम करने के बाद अगले दिन केदारनाथ जी की यात्रा पर निकलना होता है⤵️
4️⃣ गंगोत्री धाम से केदारनाथ धाम
🚗> गंगोत्री → उत्तरकाशी ,100 km
ऊँचाई: गंगोत्री (3048 m) → उत्तरकाशी (1158 m)
मार्ग: हर्षिल – भटवारी – सुक्की टॉप
1.उत्तरकाशी → टेहरी (नई टेहरी/चंबा),75 km
ऊँचाई: टेहरी (≈800–900 m)
2.टेहरी → श्रीनगर (गढ़वाल) , 105 km
ऊँचाई: श्रीनगर (≈560 m) , अलकनंदा नदी के किनारे-किनारे
3.श्रीनगर → रुद्रप्रयाग , 35 km
ऊँचाई: रुद्रप्रयाग (895 m), यहाँ अलकनंदा व मंदाकिनी का संगम है।
4.रुद्रप्रयाग → सोनप्रयाग , 70 km
ऊँचाई: सोनप्रयाग (1829 m)मे
5.सोनप्रयाग → गौरीकुंड , 5 km
ऊँचाई: गौरीकुंड (1982 m)
🚶 ट्रेक मार्ग
गौरीकुंड → केदारनाथ धाम ,16 km
ऊँचाई: केदारनाथ (3583 m)
प्रमुख पड़ाव : गौरीकुंड > जंगलचट्टी > भीमबली > रामबाड़ा > लिनचोली > बेसकैंप > केदारनाथ मंदिर⤵️
5️⃣ केदारनाथ से बद्रीनाथ धाम
🚶 ट्रेक : केदारनाथ → गौरीकुंड
दूरी: 16 km पैदल/खच्चर/पालकी
ऊँचाई: केदारनाथ (3583 m) → गौरीकुंड (1982 m)
🚗 सड़क मार्ग
1.गौरीकुंड → (5 km )सोनप्रयाग →(70km) रुद्रप्रयाग
ऊँचाई: रुद्रप्रयाग (895 m)
रुद्रप्रयाग > अलकनंदा व मंदाकिनी का संगम।
2.रुद्रप्रयाग → (33km) कर्णप्रयाग
ऊँचाई: कर्णप्रयाग (860 m)
कर्ण प्रयाग > अलकनंदा व पिंडर नदी संगम।
3.कर्णप्रयाग →(21km) नंदप्रयाग
ऊँचाई: नंदप्रयाग (914 m)
नंदप्रयाग > अलकनंदा व नंदाकिनी नदी संगम।
4.नंदप्रयाग → (70km) विष्णुप्रयाग
ऊँचाई: विष्णुप्रयाग (1372 m)
विष्णुप्रयाग >अलकनंदा व धौलीगंगा संगम।
5.विष्णुप्रयाग →(10km) जोशीमठ →+45km)बद्रीनाथ
बद्रीनाथ ऊँचाई: 3133 m
👉 केदारनाथ से बद्रीनाथ तक कुल दूरी लगभग 230–240 km (सड़क) + 16km (ट्रेक) है।
6️⃣ 🚗बद्रीनाथ से हरिद्वार 307 km
।। ॐ।।